कांग्रेस विधायक बरैया का बयान सम्पूर्ण नारी समाज का अपमान,भाजपा महिला मोर्चा ने जलाया बड़बोले कांग्रेसी फूलसिंह बरैया का पुतला
महिलाओ पर आपत्ति जनक बयान के विरोध में भाजपा महिला मोर्चा ने जलाया विधायक फूलसिंह बरैया का पुतला
जैसा की मीडिया प्रभारी श्रीकान्त साहू जिला ने बताया कि, कांग्रेस विधायक फूलसिंह बरैया द्वारा महिलाओ के लिए दिए गए आपत्ति जनक बयान के विरोध में भाजपा महिला मोर्चा जबलपुर महानगर द्वारा भाजपा जिला अध्यक्ष रत्नेश सोनकर, महिला मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती अश्वनी पराँजपे, नगर निगम अध्यक्ष रिंकू विज, महिला मोर्चा नगर अध्यक्ष रूपा राव, ग्रामीण अध्यक्ष शअलका गर्ग की उपस्थिति में मालवीय चौक में फूलसिंह बरैया का पुतला जलाया गया और इस्तीफे की मांग की।इस अवसर पर महिला मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती अश्वनी पराँजपे ने कहा कांग्रेस विधायक का यह बयान पूरे नारी समाज का अपमान है। एससी-एसटी समाज की महिलाओं के साथ होने वाले अपराधों को इस तरह महिमामंडित करना संविधान, कानून और मानवता-तीनों का अपमान है। यह सोच बताती है कि कांग्रेस कितनी असंवेदनशील है। आज इसी कुंठित मानसिकता के विरोध में प्रदर्शन किया गया है और हम मांग करते है कि कांग्रेस पार्टी उन्हें निष्कासित करें और फूलसिंह बरैया अपना इस्तीफा दें।उन्होंने कहा महिला सम्मान हमारी संस्कृति, हमारा संस्कार और संकल्प है। महिलाओं का अपमान किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जो महिला-विरोधी और दलित-विरोधी सोच रखेगा, भाजपा उसके खिलाफ सड़क से सदन तक संघर्ष करेगी।भाजपा जिला अध्यक्ष रत्नेश सोनकर ने कहा यह बयान केवल महिला-विरोधी नहीं है, यह दलित – विरोधी, संविधान – विरोधी और मानवता – विरोधी सोच का प्रतिबिंब है। ऐसी कांग्रेस पर धिक्कार है, जो अपने विधायक की अपराधी मानसिकता पर मौन साधे बैठी है और अपनी ही महिला नेत्रियों के सम्मान पर सवाल खड़े होने दे रही है। जब तक इस विधायक से सार्वजनिक माफी, कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई और पार्टी से निष्कासन नहीं होता, तब तक कांग्रेस को महिला सम्मान और सामाजिक न्याय की बात करने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।श्री सोनकर ने कहा भारतीय जनता पार्टी महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और सशक्तिकरण के लिए संकल्पबद्ध है, और महिलाओ का अपमान किसी क़ीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जायेगा।इस अवसर पर सुषमा जैन, डॉ वाणी अहलुवलिया, रीना राय, प्रीति बाजपेई, अर्चना अग्रवाल, मधुबाला राजपूत, लवलीन आंनद, सोनिया रंजीत सिंह, प्रतिभा भापकर कविता रैकवार, पूनम प्रसाद, दीपमाला सोनकर, दीपमाला केसरवानी आदि महिला कार्यकर्ता उपस्थित थी।
