जनेकृविवि और वेटरनरी विश्वविद्यालय के बीच हुआ एमओयू
शिक्षा, अनुसंधान, विस्तार और अधोसंरचना विकास की संभावनाओं को तलाशाने एवं इसकी गुणवत्ता बढ़ाने हेतु करेंगे प्रयास
जनेकृविवि जबलपुर और नानाजी देशमुख पशुचिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय, जबलपुर के बीच शिक्षा, अनुसंधान, विस्तार और अधोसंरचना विकास की संभावनाओं को तलाशाने एवं इसकी गुणवत्ता बढ़ाने हेतु एमओयू हुआ। इस दौरान जनेकृविवि कुलपति डॉ. प्रमोद कुमार मिश्रा, कुलसचिव श्रीमति रचना शर्मा, संचालक अनुसंधान सेवाएं डॉ. ए. के. जैन, संचालक विस्तार सेवाएं डॉ. टी.आर. शर्मा, प्रभारी संचालक शिक्षण डॉ. संजीव गर्ग इसके साथ ही वेटरनरी विश्वविद्यालय की कुलसचिव डॉ. राखी वैश, अधिष्ठाता छात्र कल्याण डॉ. आदित्य मिश्रा, तकनीकी अधिकारी डॉ. सुदिप्तो घोष उपस्थित रहे। दरअसल जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय, जबलपुर, नानाजी देशमुख पशु चिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय की पैतृक संस्था है।गौरतलब है कि दोनों विश्वविद्यालयों के बीच समझौता ज्ञापन हस्ताक्षर होंने से शिक्षा, अनुसंधान, विस्तार एवं अधोसंरचना के क्षेत्र में मिलकर कार्य करने से विद्यार्थियों, किसानों और पशुपालकों का उत्थान होगा। इसके अलावा विकसित भारत 2047 की परिकल्पना साकार करने हेतु एक अनूठी पहल होगी। इस एमओयू से जनेकृविवि और वेटरनरी विश्वविद्यालयों में अब कृषि के छात्रों को पीएचडी करने या फिर वेटरनरी के छात्रों को पीएचडी करने से दोनों संस्थानों के वैज्ञानिकों से मार्गदर्शन प्राप्त होगा। दोनों विश्वविद्यालयों द्वारा नोडल अधिकारी की नियुक्ति की जाएगी, जिससें दोनों विश्वविद्यालयों के आपसी हितों को ध्यान में रखकर सूचनाओं का आदान प्रदान किया जा सकेगा। जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय, जबलपुर और नानाजी देशमुख पशुचिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय, जबलपुर के बीच हुए शिक्षा, अनुसंधान, विस्तार और अधोसंरचना विकास की संभावनाओं को तलाशाने एवं इसकी गुणवत्ता बढ़ाने हेतु एमओयू से राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय एजेंसी को अनुसंधान हेतु प्रोजेक्ट प्रपोजल संयुक्त रूप से जमा कर सकते हैं और साथ में कार्य करने करने की दिशा पर बल मिलेगा।
